हल्द्वानी। उत्तराखंड डिप्लोमा इंजीनियर्स महासंघ ने हल्द्वानी के साथ ही प्रदेशभर में सोमवार से बेमियादी हड़ताल शुरू कर दी है। महासंघ से जुड़े कर्मचारियों ने प्रदर्शन करते हुए राज्य सरकार पर उपेक्षा का आरोप लगाया। इस हड़ताल के चलते पीडब्ल्यूडी, सिंचाई समेत कई विभागों का कामकाज प्रभावित होने का अंदेशा जताया जा रहा है। उत्तराखंड डिप्लोमा इंजीनियर्स महासंघ ने वेतन विसंगति दूर करने, ओल्ड पेंशन स्कीम लागू करने और पेयजल निगम व उत्तराखंड जल संस्थान का राजकीयकरण या एकीकरण करने समेत 27 सूत्रीय मांगों को लेकर चल रहे आंदोलन के तहत दूसरे चरण में अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है। हल्द्वानी के पीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस में हड़ताल पर बैठे महासंघ से जुड़े इंजीनियरों ने बताया कि करीब डेढ़ साल पहले संगठन के अधिवेशन में राज्य के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और मुख्य सचिव ने इन मांगों को मानने पर सहमति जताई थी लेकिन उन्हें पूरा नहीं किया गया है। इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि मांगों को नहीं माने जानें तक आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि फिलहाल हड़ताल में इमरजेंसी सेवाओं से जुड़े डिप्लोमा इंजीनियर्स शामिल नहीं हो रहे हैं लेकिन मांगे जल्द नहीं मानी गईं तो मजबूरन वे भी हड़ताल करेंगे। वक्ताओं ने मांगे पूरी नहीं होने पर उग्र आंदोलन की भी चेतावनी दी है। इस दौरान आंदोलनकारियों ने बैठक भी की। हड़ताल में वंदना रावत, रुचि जंगपांगी, ममता गोस्वामी, नेहा चौधरी, भावना पंत, सुकृति राठौर, गणेश रौतेला, आरपी सती, जगदीश चंद्र, प्रशांत गुप्ता, नीतू, अमित, पुष्कर आर्य, सुनील कांडपाल, संजय कुमार, मोहित बिष्ट, नीरज मिश्रा, नवदीप राणा, राकेश कुमार पटेल, आरसी पांडे और पंकज तिवारी समेत अलग-अलग विभागों के डिप्लोमा इंजीनियर्स बड़ी संख्या में मौजूद रहे। देखिए आंदोलन का वीडियो– Post navigation Haldwani: ₹27 लाख की स्मैक के साथ 2 गिरफ्तार, बोले- ‘पिंचू’ से खरीदा था Uttarakhand: यहां प्रिंसिपल व क्लर्क ने लाखों की फीस की गबन, दोनों सस्पेंड